मां दुर्गा के नौ रूप

नवरात्रि का त्यौहार हमारे बीच फिर धूम मचाने आ गया है लेकिन हम नहीं जानते कि क्यों मनाया जाता है यह त्यौहार। कहा जाता है कि भगवान शिव ने मां दुर्गा को उनकी मां को देखने के लिए पूरे साल में सिर्फ नौ दिन का वक्त दिया था। उसी नौ दिन को याद करते हुए ये त्यौहार मनाया जाता है जो मां दुर्गा को समर्पित है। मां दुर्गा शक्ति का प्रतीक मानी जाती है और अश्विन मास की नवरात्रि में भगवान राम ने रावण पर विजय प्राप्त करने के लिए नौ दिन मां दुर्गा की आराधना की जो विजयादशमी के रूप में मनाया जाता है। नवरात्रि का मतलब हुआ नौ रातें… यह पर्व गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक, उड़ीसा, मध्यप्रदेश और कई राज्यों में मनाया जाता है। नवरात्रि में नौ रातों तक खेले जाने वाला गरबा गुजरात का परम्परागत डांस बन गया है। मां दुर्गा के नौ रूप होते हैं जिन्हें एक साथ नवदुर्गा कहा जाता है।
1. शैलपुत्री : मां का पहला रूप और हिमालय की पुत्री जो पहले जन्म में दक्ष की पुत्र थी उनका नाम सती, भवानी था और वे भगवान शिव की पत्नी थी।
2. ब्रह्मचारिणी : मां का दूसरा रूप। ब्रह्म का मतलब तप मां का यह रूप बहुत ही सुंदर है।
3. चंद्रघंटा : मां की तीसरी शक्ति जिनके सिर पर आंधे चांद है, सुनहरे रंग के अवतार में तीन आंखे और दस हाथों में तलवार है। शेर की सवारी हमेशा युद्ध करने और बुरी शक्ति का वध करने को तैयार।

    'No new videos.'

Leave a Reply

Your email address will not be published.