616 साल बाद आएगा ऐसा मुहूर्त

इंदौर. चित्रा नक्षत्र में जब चंद्रमा हो सूर्य नीच का एवं तुला में ही चंद्रमा के साथ स्थित हो तब दीपावली का पर्व मनाया जाता है। इस बार कई ऐसे योग बन रहे है जो वर्षों पूर्व दीपावली पर बने थे। कई ग्रहों के योग दीपावली पर 1954 में बने थे और अब 616 वर्षों बाद ऐसे योग निर्मित होंगे। शनि का उच्च योग भी अब दीपावली पर 27 साल बाद ही आएगा। इस बार दीपावली पर ग्रहों के योग हिंदुस्तान की कुंडली के अनुकूल हैं। 23 अक्टूबर को मनाई जाने वाली इस बार की दीपावली बेहद खास मुहूर्त वाली है। चित्रा नक्षत्र में चंद्रमा तुला राशि में स्थित होगा। सूर्य नीच का रहेगा एवं बुध, गुरू एवं शनि उच्च के रहेंगे। मंगल गुरू के स्वामित्व वाली राशि में स्थित होगा। शुक्र तुला मे ही मालव्य नामक शुभ योग को निर्मित करेगा। गुरू एवं शनि के उच्च के रहते हुए दीपावली का योग इससे सन् 1954 में बना था। उस समय मंगल भी मकर राशि में उच्च का था एवं इस बार 2014 में वह मित्र गुरू की राशि धनु में है। दीपावली पर गुरू एवं शनि के उच्च के रहते हुए अब ऐसा योग 616 वर्षों बाद यानि 2630 में बनेगा, किंतु इस बार जैसा प्रभावशाली वह नहीं रहेगा क्योंकि इस बार बुध भी उच्च का है, मंगल एवं राहु मित्र में है एवं शुक्र भी स्व-राशि है।

    'No new videos.'

Leave a Reply

Your email address will not be published.