क्या इस बार महिला प्रत्याशी व् महिला वोटर प्रदेश की भाग्य विधाता बनेगी …!!?

भोपाल से अर्चना की स्पेशल रिपोर्ट

तकरीबन सत्तर दिन बाद चार राज्यों के विधानसभा चुनाव होने जा रहे है, भाजपा एवं कांग्रेस दोनों ही जी जान से सरकार को अपनी झोली में डालने के लिए लालायित है,l हर पार्टी ने कई बार अलग -अलग स्तर पर  अपना सर्वे करवा लिया है , किन्तु फिर भी असमंजस की स्थिति बरक़रार है, पार्टी को अभी भी जनता का रूख समझ नही आ रहा है कि वो क्या चाहती है, वही दोनों पार्टी इस बार अधिक से अधिक महिला प्रत्याशी पर भाग्य आजमाईश करना चाहते है l कांग्रेस तो इस बार अघोषित महिला विधायक संसद में पास न होने के बावजूद अधिक से अधिक महिलाओ को टिकट देकर लोकसभा में फायदा लेना चाहती है, और जनता को ये सन्देश देना चाहती है कि बीजेपी  महिला आरक्षण की विरोधी है l

सूत्रों के अनुसार कांग्रेस इंदौर में भी इस बार कम से कम दो महिला को विधान सभा टिकट देने का तय हुआ है, यदि सबकुछ ठीक रहा तो दो महिला प्रत्याशी एक व् पांच से लड़ सकती है l कांग्रेस की रणनीति के आधार पर बीजेपी भी अंतिम समय में अपना सियासी दांव फेक सकती है l

वैसे तो बीजेपी में महिला प्रत्याशियों की कमी नहीं है, उसके हर क्षेत्र में सक्रिय युवा महिला कार्यकर्ता है, और मौका आने पर अपनी नई सियासी चाल को चल सकती हैl

सूत्रों के अनुसार संघ के सर्वे के आधार पर इस बार बीजेपी संघठन बैलेंस होकर टिकट वितरण करेगा, सिर्फ जीतने वाले प्रत्याशियों को ही टिकट दिया जायेगा फिर वो चाहे कोई भी हो l वैसे भी इस बार टिकट वितरण की समिति दिखावे के लिए होगी, चूंकि संघ व् केन्द्रीय नेतृत्व ने पहले से ही जमीनी सर्वे करवाकर हक़ीकत जान ली है, अतः आने वाले दिनों में अप्रत्याशित लोगो को टिकट मिले तो कोई आतिशयोक्ति नही होगी l

    'No new videos.'

Leave a Reply

Your email address will not be published.