यूनिवर्सिटी ने विभागाध्यक्षों को बचाया

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

davv-indore-results1_1429

देवी अहिल्या यूनिवर्सिटी की दो माह बाद हुई कार्यपरिषद की बैठक में गुरुवार को गहमा-गहमी और हंगामे का माहौल रहा। हालांकि कार्रवाई के नाम पर कुछ नहीं हुआ। लगातार विवादों में घिरे आईआईपीएस और लाइफ साइंस विभाग के विभागाध्यक्षों को विरोध के बाद भी हटाया तो नहीं जा सका, लेकिन अब वे कोई भी निर्णय स्वयं नहीं ले पाएंगे। दोनों विभागों के लिए कमेटी बनाई गई है, जो हर निर्णय में शामिल होगी।
डिपार्टमेंटल कमेटी की बैठकों में भी इस कमेटी के सदस्य शामिल होंगे। वहीं स्कूल ऑफ लॉ की हेड डॉ. अर्चना रांका द्वारा खुद को विभागाध्यक्ष पद से हटाए जाने के खिलाफ हाई कोर्ट की डबल बेंच में चले जाने से उन पर निर्णय नहीं हो सका। सिर्फ यह तय किया गया कि वे विभागाध्यक्ष पद पर नहीं रहेंगी। उनके खिलाफ की गई पूर्व कार्रवाई को भी सही माना गया।
बीच का रास्ता निकाला
बैठक में लाइफ साइंस विभाग के हेड डॉ. सुरेश चांद औैर आईआईपीएस के डायरेक्टर डॉ. आनंद सप्रे के खिलाफ 10-10 शिकायतें की गई हैं।
दोनों को हटाने की मांग पर ज्यादातर सदस्य अड़ गए थे, लेकिन कुलपति और प्रोफेसर सदस्य पक्ष में नहीं थे। काफी देर हंगामा भी चला। डॉ. विक्रांत भूरिया और चंद्रशेखर रायकवार सहित अन्य सदस्यों ने कहा- ऐसे विभागाध्यक्षों को बढ़ावा देकर यूनिवर्सिटी न केवल अपना नुकसान कर रही है, बल्कि विद्यार्थियों को भी नुकसान पहुंचा रही है, लेकिन डॉ. पी.के. गुप्ता जैसे सदस्य नहीं माने। उनका कहना था कि किसी को हटाना समस्या का हल नहीं है। कुलपति प्रो. डी.पी. सिंह बीच का रास्ता निकालने के पक्ष में थे। इसी के चलते कमेटी बनाई गई।
जो अपात्र हैं उन्हें बाहर करो
इधर, सदस्य रायकवार ने साफ कहा- डॉ. अर्चना रांका सहित कई विभागाध्यक्ष पात्र नहीं हैं, उन्हें तत्काल हटाया जाए। जरूरत पड़े तो शासन को स्थिति से अवगत कराएं। सदस्य डॉ. विक्रांत भूरिया ने कहा- हेड रोटेशन के मुद्दे पर यूनिवर्सिटी अगली बैठक से पहले प्रक्रिया शुरू करे।
छह दिन बढ़ाई बीडीएस थर्ड ईयर की परीक्षा, रिव्यू का रिजल्ट 5 तक
यूनिवर्सिटी ने बीडीएस तीसरे वर्ष की परीक्षा छह दिन आगे बढ़ा दी है। परीक्षा पहले 17 जून से होने वाली थी, जो अब 23 जून से होगी। प्रबंधन ने छात्रों की मांग के चलते यह निर्णय लिया है। इधर, प्रबंधन ने दावा किया है 5 जून तक सेकंड ईयर के रिव्यू औैर रिव्यू के रिजल्ट घोषित कर देंंगे।

यूनिवर्सिटी के नालंदा परिसर पहुंचे छात्रों ने परीक्षा नियंत्रक डॉ. अशेष तिवारी से मिलकर परीक्षा आगे बढ़ाने की मांग रखी थी। यूनिवर्सिटी प्रबंधन का कहना था परीक्षाएं 30 जून के पहले खत्म करना है, इसलिए तारीख आगे नहीं बढ़ा सकते। छात्रों ने कहा- महज तीन ही परचे होना हैं। 23 से भी परीक्षा शुरू होती है तो एक-एक दिन के गेप में 30 जून तक परीक्षा खत्म हो सकती है।

    'No new videos.'

Leave a Reply

Your email address will not be published.